
NNH रायपुर/ छत्तीसगढ़ में अब क्राफ्ट बीयर (Craft Beer) बनाने की अनुमति मिल गई है। राज्य सरकार ने “छत्तीसगढ़ सूक्ष्म यवासवनी नियम (माइक्रोब्रेवरी) 2025” लागू किया है। जिसके तहत अब बीयर गिलास में सर्व की जा सकेगी, इस नई नीति के अनुसार, बीयर रेस्टोरेंट में परोसी जाएगी और इसके लिए 25 लाख रुपये का लाइसेंस शुल्क देना होगा।
क्राफ्ट बीयर बनाने की अनुमति मिलने के बाद लोगों में नाराजगी देखी जा रही है। छत्तीसगढ़ सरकार के इस फैसले से भाजपा के नेता भी नाखुश हैं।

भाजपा के वरिष्ठ नेता CSIDC के पूर्व अध्यक्ष छगनलाल मूंदड़ा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म फेसबुक में सरकार के इस फैसले से सम्बंधित समाचार की पेपर कटिंग शेयर कर लिखा है कि “बहुत दुखद समाचार सरकार अपने इस फैसले को तुरंत वापस ले”।

इतना ही नही छगनलाल मूंदड़ा ने भाजपा प्रवक्ता राजीव चक्रवर्ती की दो साल पुरानी 2023 की एक पोस्ट को फेसबुक पर शेयर भी किया है। जिसमे राजीव ने एक कार्टून पोस्ट कर लिखा था कि “इस शानदार, जानदार प्रदेश की विकास रुक गई है, केवल शराब और अपराध रह गया है”। 2023 में राज्य में कांग्रेस थी, जाहिर है राजीव चक्रवर्ती ने यह पोस्ट विरोध स्वरूप की होगी।
इसके अलावा बिरगांव मंडल के वरिष्ठ भाजपा कार्यकर्ता राजेश रिछारिया ने भी एक व्हाट्सएप ग्रुप पर समाचार पत्र की कटिंग शेयर कर लिखा है कि “सरकार सिर्फ दारूबार,, बीयरबार,, दारू प्लांट,, बियर प्लांट,, खोलने पर ज्यादा जोर दे रही है क्या छत्तीसगढ़ राज्य को शराब राज्य बनाना चाहती है विष्णु सरकार, ये तो गलत निर्णय है सरकार का”।

छत्तीसगढ़ राज्य में मिनी बीयर प्लांट खोलने के सरकार के फैसले को आम आदमी के साथ साथ भाजपा के नेता कार्यकर्ता भी वापस लेने की गुहार लगाई है, अब देखना होगा कि छत्तीसगढ़ सरकार इस फैसले को वापस लेती है या नही।







