बलूच लिबरेशन आर्मी ने बलूचिस्तान के एक तिहाई हिस्से पर कब्जे का किया दावा, अलग देश बनाने की मांग
बलूच लेखक मीर यार ने हिंदुओं को किया आश्वस्त, कहा हिंगलाज माता मंदिर व अन्य धार्मिक स्थलों को पाकिस्तान के आतंक से बचाया जाएगा

भारत और पाकिस्तान के बीच बढ़ते तनाव और संभावित युद्ध की आशंकाओं ने बलूचिस्तान में स्वतंत्रता आंदोलन को नई गति दी है। बलूचिस्तान की राजधानी क्वेटा में गुरुवार देर रात पाकिस्तानी सेना पर सिलसिलेवार हमले हुए। बताया जा रहा है कि बलूच विद्रोहियों ने यह हमला किया है, और इसमें पाकिस्तान के कई सैनिक मारे गए हैं। उन्होंने बलूचिस्तान की आजादी की भी मांग की है। बलूचिस्तान के लोग अपनी आजादी को लेकर मुखर हो रहे हैं। बलूच लिबरेशन आर्मी (BLA) ने हाल के महीनों में अपनी सैन्य गतिविधियों को तेज किया है, जिसमें मंगोचर शहर पर कब्जा और जाफर एक्सप्रेस ट्रेन हाईजैक जैसे साहसिक हमले शामिल हैं। BLA ने 2025 में अपनी रणनीति को और आक्रामक बनाया है। मई 2025 में, BLA ने मंगोचर शहर सहित बलूचिस्तान के एक तिहाई हिस्स पर कब्जा करने का दावा किया, जहाँ सरकारी इमारतों को आग लगाई गई और क्वेटा-कराची राजमार्ग को अवरुद्ध किया गया। बलूचिस्तान में बलूचों ने प्रमुख स्थानों से पाकिस्तानी झंडे को उतार दिया है। बलूचिस्तान के लड़ाके अब एक पूर्ण राष्ट्र के सैनिकों की तरह वर्दी में नजर आने लगे हैं।

मार्च में, जाफर एक्सप्रेस ट्रेन पर हमले में कई पाकिस्तानी सैनिक मारे गए। बोलन घाटी में हाल ही में हुए एक हमले में 12 सैनिकों की मौत ने BLA की सैन्य क्षमता को उजागर किया है। भारत पाकिस्तान युद्ध शुरू होने के कारण बलूचिस्तान की आजादी की संभावना बढ़ गई है। बलूचों ने बलूचिस्तान को पाकिस्तान से अलग करने और अलग देश बनाने की मांग की है। उन्होंने अपील की है कि भारत में उनके लिए अलग से दूतावास बने।

बलूचिस्तान के लेखक मीर यार बलोच ने कहा है कि जल्द ही अंतरिम सरकार की घोषणा होगी। मंत्रिमंडल में बलूच महिलाओं का पर्याप्त प्रतिनिधित्व होगा। बलूचिस्तान की स्वतंत्र सरकार का राजकीय समारोह जल्द ही आयोजित किया जाएगा। मित्र देशों के राष्ट्राध्यक्षों को राष्ट्रीय परेड देखने के लिए आमंत्रित किया जाएगा। हम उनसे आशीर्वाद मांगेंगे।
मीर यार ने बलूचिस्तान में रहने वाले हिंदू समुदाय को आश्वस्त किया है कि वे निश्चिंत रहें। उन्हें और हिंगलाज माता मंदिर सहित उनके सभी धार्मिक स्थलों को पाकिस्तानी सेना के आतंकवाद और आक्रमण से बचाया जाएगा। बलूचिस्तान, पाकिस्तान की कायर सेना को ऐसा बड़ा सबक सिखाने में सक्षम है, जिसे उसके उसकी सात पीढ़ियां कभी नहीं भूलेंगी। बलूचिस्तान में अब कोई भी पाकिस्तानी किसी हिंदू से कलमा पढ़ने के लिए कहने और उसकी पत्नी और बच्चों के सामने उसकी हत्या करने की हिम्मत नहीं करेगा।






