
NNH जगदलपुर/ जगदलपुर की सड़कों पर एक असाधारण दृश्य देखने को मिला, जब बस्तर के नक्सल पीड़ितों ने एकजुट होकर “माओवाद हटाओ, बस्तर बचाओ” ने नारे के साथ रैली निकाली। इस रैली में शामिल लोगों की आँखों में पीड़ा थी, दिल में दर्द था और होंठों पर था सिर्फ एक संदेश – “हमें माओवाद नहीं, अब बस्तर का विकास चाहिए।”
रैली में शामिल ग्रामीणों ने उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा से बातचीत के दौरान कहा, “आखिर हमने नक्सलियों का क्या बिगाड़ा है जो वे हमें ही मार डालते हैं? हम तो बस शांतिपूर्वक जीवन और अपने बच्चों का बेहतर भविष्य चाहते हैं।”
नक्सल पीड़ितों ने कहा कि माओवादियों ने वर्षों से बस्तर की जनता को बंधक बना रखा है। विकास की हर कोशिश में बारूदी सुरंगें बिछा दी जाती हैं, सड़कों को उड़ा दिया जाता है, स्कूलों और स्वास्थ्य केंद्रों को बर्बाद कर दिया जाता है। उन्होंने स्पष्ट कहा कि अब बस्तर की जनता जाग चुकी है और माओवाद के खिलाफ एकजुट होकर खड़ी हो रही है।
“तियानमेन स्क्वायर: माओवाद का विद्रूप चेहरा – बीजिंग से बस्तर तक” विषय पर आधारित संवाद कार्यक्रम सम्पन्न

मंगलवार को बस्तर जिला मुख्यालय जगदलपुर के श्यामा प्रसाद मुखर्जी टाउन हॉल में “तियानमेन स्क्वायर: माओवाद का विद्रूप चेहरा – बीजिंग से बस्तर तक” विषय पर आधारित संवाद कार्यक्रम आयोजित किया गया था। जिसमें छत्तीसगढ़ के उपमुख्यमंत्री व गृहमंत्री विजय शर्मा प्रमुख रूप से शामिल हुए, जहां उन्होंने बस्तरवासियों से उक्त विषय पर संवाद करने किया।
इस दौरान उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने कहा कि इस महत्वपूर्ण आयोजन में हमने तियानमेन स्क्वायर की ऐतिहासिक घटना के माध्यम से माओवादी विचारधारा के रक्तरंजित और दमनकारी स्वरूप पर विस्तार से चर्चा की। कैसे बीजिंग की सड़कों पर कुचली गई लोकतांत्रिक आवाज़ें आज भी दुनिया के अनेक हिस्सों में गूंजती हैं — और कैसे बस्तर भी कभी उसी विचारधारा के निशाने पर रहा है।
बस्तरवासियों की जागरूकता, संवाद की इच्छा और शांति के प्रति उनकी प्रतिबद्धता इस कार्यक्रम में साफ़ दिखाई दे रही है। विजय शर्मा ने कहा बस्तर शांति समिति और सभी प्रतिभागियों का आभार जिन्होंने इस चिंतनशील संवाद को सार्थक बनाया।
कार्यक्रम में कैबिनेट मंत्री केदार कश्यप, सांसद महेश कश्यप, विधायक विनायक गोयल, महापौर संजय पांडे, फिल्म निदेशक सुदीप्तो सेन, बस्तर IG, पत्रकारों सहित गणमान्य जन, युवा एवं बस्तर के ग्रामीण बड़ी संख्या में उपस्थित थे।







