लुटेरी दुल्हन ने की थी सात महीने में 25 शादियां, पुलिस ने दूल्हा बनकर किया युवती को गिरफ्तार
एमपी से राजस्थान तक लगाया चुना कारनामे सुनकर सभी दंग

NNH भोपाल/ उत्तर प्रदेश के महराजगंज जिले की एक युवती अनुराधा पासवान उम्र 23 वर्ष, के कारनामे सुनकर लोग दंग हैं। युवती पति के साथ मिलकर गिरोह बनाकर शादी के ऐप के माध्यम से लोगों से ठगी कर रही थी। युवती ने लोगों को झांसे में लेकर सात महीने में 25 शादियां कर चुकी है। युवती को राजस्थान पुलिस ने मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल से गिरफ्तार किया है।
कोल्हुई थाना क्षेत्र के एक गांव के रहने वाले एक युवक की शादी साल 2018 में नौतनवा क्षेत्र की एक युवती से हुई थी। पहले से ही रिश्तेदारी होने से दोनों ने प्रेम विवाह किया था। युवती ने घर से भागकर शादी की थी और कुछ दिन बाद दोनों गांव में आकर रहने लगे। एक साल बाद ससुराल वालों ने युवती के आचरण से परेशान होकर बेटे से उसे अलग कर दिया।इसके बाद दोनों घर के पास ही खाली पड़े एक मकान में रहने लगे। लोगों के अनुसार 2021 में दोनों बिना किसी को बताए अपनी छह साल की बेटी को छोड़कर और बेटे को साथ लेकर कहीं चले गए।
जानकारी के अनुसार घर छोड़ने के बाद दोनों ने मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में अपना ठिकाना बनाया था। जहां युवती ने एक गिरोह तैयार किया, इस गिरोह में छह लोग शामिल बताए जा रहे हैं, ये लोग शादी का झांसा देने के लिए एक ऑनलाइन एप चलाते थे, और अविवाहित लड़कों को अपने जाल में फंसाकर शादी करते थे। दो-चार दिन बीतने के बाद ये लोग उनके घर के जेवरात-नकदी आदि लेकर फरार हो जाते थे। बताया जा रहा है, कि युवती ने सात महीने में 25 शादियां की थीं। इसके बाद राजस्थान पुलिस के शिकंजे में आई। राजस्थान पुलिस ने युवती को भोपाल से गिरफ्तार किया है।
बीती 3 मई को राजस्थान के मान टाउन में रहने वाले विष्णु शर्मा ने थाने में शिकायत की कि खंडवा में रहने वाले उसके एक जानने वाले ने मनपसंद लड़की से शादी करवाने का झांसा दिया।दोनों ने भोपाल में रहने वाली युवती की फोटो दिखाई।सवाई माधोपुर कोर्ट में फर्जी एग्रीमेंट के जरिए दो लाख रुपये लेकर उसकी शादी करा दी गई, लेकिन तीन दिन बाद ही युवती घर से कैश, जेवर और मोबाइल लेकर भाग गई।
गिरोह को पकड़ने पुलिस ने बनाई योजना

इसके बाद हरकत में आई पुलिस ने गिरोह को पकड़ने की योजना बनाई। योजना के मुताबिक राजस्थान पुलिस अपने ही एक सिपाही को ग्राहक बनाकर युवती के पास शादी करने के लिए भेजा। उधर टीम ने भोपाल में स्थानीय मुखबिरों की मदद से फर्जी शादी गिरोह से संपर्क किया। एजेंट की दिखाई गई तस्वीरों में फरार युवती की पहचान हुई और भोपाल में दबिश देकर युवती को दबोच लिया गया।







